गुरुग्राम में एक पारिवारिक रंजिश ने ऐसा मोड़ ले लिया, जिसकी कीमत एक मेहनतकश युवक को अपनी रोज़ी-रोटी से चुकानी पड़ी। डिलीवरी का काम करने वाले युवक की मोटरसाइकिल, जो उसकी कमाई का मुख्य सहारा थी, रातों-रात आग के हवाले कर दी गई। आरोप उसके ही रिश्तेदार—जीजा—पर लगा है। पूरी वारदात पास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, जिसने मामले को साफ कर दिया।
यह घटना सिर्फ एक वाहन जलाने की नहीं, बल्कि भरोसे, रिश्तों और जिम्मेदारियों के टूटने की कहानी भी है।
सुबह हुआ खुलासा
अगली सुबह जब डिलीवरी एग्जीक्यूटिव बाहर निकला, तो उसके पैरों तले जमीन खिसक गई। सामने उसकी बाइक का जला हुआ ढांचा पड़ा था। यही बाइक उसकी नौकरी का आधार थी। इसी से वह ऑर्डर पहुंचाता था, परिवार चलाता था।
पहले तो उसे समझ नहीं आया कि यह कैसे हुआ, लेकिन जब आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखी गई, तो तस्वीर साफ होती चली गई। वीडियो में दिख रहा व्यक्ति कोई अजनबी नहीं, बल्कि उसका अपना रिश्तेदार बताया गया।
पुरानी रंजिश की परतें
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि दोनों के बीच काफी समय से घरेलू विवाद चल रहा था। रिश्तों में तनाव था, बात-बात पर तकरार होती थी। पुलिस का मानना है कि इसी दुश्मनी ने आरोपी को इतना बड़ा कदम उठाने के लिए उकसाया।
बताया जा रहा है कि आरोपी राजस्थान का रहने वाला है और कथित तौर पर खास इसी मकसद से गुरुग्राम आया था—ताकि वह अपने साले को आर्थिक चोट पहुँचा सके।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
घटना सामने आने के बाद स्थानीय पुलिस ने शिकायत मिलते ही केस दर्ज कर लिया। अधिकारियों का कहना है कि यह कोई सामान्य तोड़फोड़ नहीं, बल्कि सोची-समझी साजिश के तहत की गई आगजनी है।
एक जांच अधिकारी ने बताया, “सीसीटीवी फुटेज में पूरी घटना की टाइमलाइन साफ नजर आ रही है। संदिग्ध की पहचान हो चुकी है। अब उसकी तलाश की जा रही है, ताकि उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की जा सके।”
रोज़गार पर सीधा वार
सबसे बड़ा नुकसान उस युवक का हुआ है, जिसकी बाइक जल गई। डिलीवरी का काम पूरी तरह वाहन पर निर्भर होता है। बिना बाइक के नौकरी करना लगभग नामुमकिन है।
परिवार के सामने अब आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। नई बाइक खरीदना आसान नहीं, और तब तक काम भी प्रभावित रहेगा। एक निजी विवाद ने किसी की आजीविका पर सीधा हमला कर दिया।
समाज के लिए चेतावनी
यह मामला बताता है कि जब पारिवारिक झगड़े कानूनी सीमाएँ पार कर जाते हैं, तो उनका असर सिर्फ दो लोगों तक सीमित नहीं रहता। इससे सार्वजनिक सुरक्षा और कानून व्यवस्था भी प्रभावित होती है।
स्थानीय लोग भी इस घटना से हैरान हैं। उनका कहना है कि गुस्से में उठाया गया एक कदम किसी की पूरी जिंदगी पर भारी पड़ सकता है।
आगे की कार्रवाई
पुलिस की टीमें आरोपी की तलाश में जुटी हैं। संभावना है कि जल्द ही उसे पकड़ लिया जाएगा। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि क्या किसी और ने उसकी मदद की थी या वह अकेले ही वारदात को अंजाम देने आया था।
Gurgaon Bike Arson जब तक गिरफ्तारी नहीं होती, पीड़ित परिवार इंतजार और चिंता में है। उन्हें उम्मीद है कि कानून उन्हें न्याय दिलाएगा।









